Guru Ravidass Jayanti 2023 - संत गुरु रविदास जी जयंती क्यों और कब मनाई जाती है जाने सही तारीख और दिन

Sant Guru Ravidass Jayanti 2023: गुरु रविदास जयंती प्रति वर्ष माघी पूर्णिमा, शोभन माघ को मनाई जाती है. रविदास जयंती को रैदास जयंती नाम से भी जाना जाता है. यह जयंती खासकर गुरु संत रविदास के जन्मोत्सव को मनाने के लिए लिए मनाई जाती है. रविदास जयंती हर वर्ष हिंदी महीनों के अनुसार माघ शुक्ल, माघी पूर्णिमा को आती है. लेकिन तारिख के अनुसार इसे मनाने की कोई भी date फिक्स नहीं है क्योंकि माघी पूर्णिमा हर वर्ष अलग-अलग तारीख को आती जिसका कोई भी सटीक दिन नहीं है.



वर्ष 2021 में रविदास जयंती 27 फरवरी को मनाई गई थी और 2022 में 16 फरवरी को इसी से यह पता चलती है कि इस जयंती का कोई फिक्स दिन नहीं होता है यदि आप जानना चाहते हैं कि संत गुरु रविदास जी जयंती क्यों और कब मनाई जाती है तारीख और दिन 2023 में रविदास जयंती किस तारीख को है और कितने तारीख को मनाई जायेंगी तो आपको बता दें कि संत रविदास जयंती 2023 में 5 फरवरी को है.


Ravidas Jayanti 2023 ke baare me

रविदास जयंती भारतीयों के लिए है जो भारत की बड़ी-बड़ी जयंतियों में से एक है जिसे पूरे भारत में मनाया जाता है यह जयंती संत गुरु रविदास के लिए मनाई जाती है जो एक उत्सव की तरह होती है. इस दिन रविदास जी के भक्त उनके जन्म स्थान पर जाकर उन्हें याद करते है इस जयंती पर रविदास जी के भक्त उनके जन्म स्थान पर दोहे गाते है, भजन-कीर्तन करते है और बहुत से कार्यक्रम आयोजित करते है. सिख धर्म के लोगों में इस जयंती को लेकर उत्साह काफी ज्यादा रहता है. रविदास जयंती हर वर्ष बड़े ही हर्ष और उल्लास के साथ पूरे भारत में मनाई जाती है.


Ravidas Jayanti kyu manaya jata hai

रविदास जयंती मनाने का मुख्य उद्देश्य संत रविदास जी की शिक्षाओं को याद करना है. रविदास जयंती रविदास जी को याद करने के लिए मनाई जाती है. क्योंकि रविदास जी एक महान कवि और आध्यात्मिक गुरु थे जिन्होंने समाज में व्याप्त बुराइयों को लेखन और आंदोलन करके के दूर किया था. रविदास जी ने ऐसा कहा है कि मनुष्य की आत्मा ईश्वर का रूप है. रविदास जी ने मनुष्यों को भेदभाव न करने और भाईचारे की नीती अपनाने की शिक्षा दी है. इसलिए हर साल उनके कार्य को याद करने और उन्हें सम्मान देने के लिए रविदास जयंती मनाई जाती है.


रविदास जी कौन थे जिनके कारण संत रविदास जयंती मनाई जाती है

गुरु रविदास भारत के महान कवि, दार्शनिक और समाज सुधाकर थे. संत रविदास वाराणसी, उत्तरप्रदेश में जन्मे थे. गुरु रविदास जी बचपन से ही एक बहुत बहादुर और भगवान के सच्चे भक्त थे. उन्होंने अपनी शिक्षा पंडित शारदा नन्द गुरु से प्राप्त की थी. गुरु रविदास जब बड़े हुए तो उनका भक्ति के प्रति स्नेह बढ गया था वह भगवान श्रीराम के परम भक्त थे. रविदास जी हमेशा गोविन्दा, रघुनाथ, राजाराम जैसे शब्दों का उच्चारण कर भक्ति के प्रति आश्रित थे. 

कहा जाता है कि संत रविदास जी मीरा बाई के धार्मिक गुरु हुआ करते थे. रविदास जी एक बहुत बड़े धार्मिक गुरु थे. उन्होंने अपने रचनाएँ, कविताएँ, दोहे आदि के माध्यम से लोगों को संदेश दिया है. उन्होंने अपने देश के लोगों को समाज में सामाजिक सुधार करने का भी संदेश दिया. रविदास जी ने देश में व्याप्त लोगों का अंधविश्वास दूर किया, सामाजिक सुधार कार्य किए, भक्ति से प्रति विश्वास जताया, लोगों को सही दिशा का संदेश दिया. रविदास जी के ऐसे महान कार्यों भला हम कैसे भूल सकते हैं इसलिए हर साल उनके कार्यों पर आस्था रखने के लिए रविदास जयंती मनाई जाती है.


Guru Ravidass Jayanti 2022 FAQ

Q.1 रविदास जी जयंती कब मनाई जाती है?

Ans. माघी पूर्णिमा, शोभन माघ को.

Q.2 Ravidas Jayanti kyu manaya jata hai?

Ans. संत रविदास जी को याद करने के लिए.

Q.3 रविदास जयंती 2023 कब और कितने तारीख को है?

Ans. 5 फरवरी को.

Q.4 संत रविदास जयंती 2022 में कब थी?

Ans. 16 फरवरी को.


तो आप समझ गए होंगे कि "Guru Ravidass Jayanti 2023 संत गुरु रविदास जी जयंती क्यों और कब मनाई जाती है सही तारीख और दिन" उम्मीद करता हूँ आपको Ravidas jayanti date 2023 और Ravidas Jayanti kyu manaya jata hai जाती इसके बारे में जानकारी अच्छी लगी होगी यदि आपको यह जानकारी पसंद तो अपने दोस्तों में जरूर शेयर करें.


Read allso:


Dramatalk

Hello! I am the founder of this blog and a professional blogger. Here I regularly share helpful and useful information for my readers.

एक टिप्पणी भेजें (0)
और नया पुराने